Wednesday, October 21st, 2026

भारत और पाक के बीच शांति वार्ता के लिए यूएई कर रहा है प्रयास

अबूधाबी
भारत और पाकिस्‍तान के बीच वर्षों से रिश्‍तों पर जमी बर्फ अब पिघलने लगी है। भारत और पाकिस्‍तान के दोनों ही देशों के नेता अब शांति की बात करने लगे हैं। यही नहीं पाकिस्‍तान के पीएम इमरान खान के कोरोना संक्रमित होने के बाद भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके जल्‍द स्‍वस्‍थ होने की कामना भी की है। इस बीच समाचार एजेंस ब्‍लूमबर्ग ने दावा किया है कि भारत और पाकिस्‍तान के बीच दोस्‍ती का यह रास्‍ता संयुक्‍त अरब अमीरात का शाही परिवार तैयार कर रहा है।

एजेंसी ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि भारत और पाकिस्‍तानी सेना के बीच अचानक सीजफायर को प्रभावी तरीके से लागू करने के बयान से दुनिया सकते में आ गई। इसके ठीक 24 घंटे बाद यूएई के विदेश मंत्री एक दिन की यात्रा पर नई दिल्‍ली पहुंच गए थे। यूएई की ओर से जारी बयान में पाकिस्‍तान को लेकर हुई बातचीत के बारे में संकेत दिया गया था। इसमें कहा गया था कि विदेश मंत्री शेख अब्‍दुल्‍ला बिन जायद ने भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर से आपसी हित के सभी क्षेत्रीय और अंतरराष्‍ट्रीय मुद्दों पर चर्चा की है और विचारों का आदान-प्रदान किया है।


'सीजफायर बस केवल एक शुरुआत मात्र'
यूएई के अधिकारियों ने नाम नहीं बताने की शर्त पर कहा कि भारत और पाकिस्‍तान के बीच सीजफायर को लेकर हुई सहमति गुपचुप तरीके से चल रही वार्ता में मील का पत्‍थर थी। यह वार्ता यूएई की मध्‍यस्‍थता से हो रही है। एक अधिकारी ने कहा कि दोनों पड़ोसी देशों के बीच शांति की दिशा में सीजफायर बस केवल एक शुरुआत मात्र है। ये दोनों पड़ोसी देश परमाणु हथियारों से लैस हैं और अक्‍सर क्षेत्रीय विवाद को लेकर भिड़ते रहते हैं।


अधिकारी ने कहा कि इस शांति प्रक्रिया में अगला कदम यह होगा कि दोनों ही देश एक-दूसरे के यहां अपने राजदूत को वापस भेजेंगे। पाकिस्‍तान ने वर्ष 2019 में कश्‍मीर का विशेष दर्जा खत्‍म करने के विरोध में अपने राजदूत को वापस बुला लिया था। इसके बाद दोनों देशों के बीच में कश्‍मीर पर चर्चा होगी। हालांकि अधिकारियों को अभी बहुत कम आशा है कि राजदूतों के वापस होने और व्‍यापार वार्ता के फिर से शुरू होने के अलावा और कोई सफलता आगे मिले।

 

#भारत और पाक

Source : Agency

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